शुरुआती एक घंटे में निफ्टी ने 17,300, सेंसेक्स ने 57,900 और बैंक निफ्टी ने 35,950 का स्तर पार किया.
डीलिस्टिंग एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें किसी लिस्टेड कंपनी के शेयर को स्टॉक एक्सचेंजों से हटाया जाता है.
शुरुआती एक घंटे में निफ्टी में 100 से ज्यादा, सेंसेक्स में करीब 400 और बैंक निफ्टी में करीब 300 अंकों की गिरावट रही.
कुछ ही मिनटों में सारी बढ़त गवाने के बाद 17,200 के स्तर पर मंदड़ियों और तेजड़ियों में जमकर रस्साकसी हुई.
एमके ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विसेज के मैनेजिंग डायरेक्टर कृष्ण कुमार करवा के मुताबिक, क्रिप्टोकरेंसी को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए.
सोमवार को पहले दौर की बातचीत के बाद भी यूक्रेन में रूसी हमले जारी रहने से दुनियाभर के बाजारों में भारी गिरावट.
महज 10 दिनों में (11 ले 24 फरवरी) सेंसेक्स निफ्टी 6 फीसद से ज्यादा टूट गए. बाजार में 21 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई डूब गई.
Bulk डील से इसके बारे में कुछ संकेत मिल जाता है कि कोई शेयर चढ़ेगा या गिरेगा? लेकिन बल्क डील की जानकारी कहां से मिल सकती है?
Bulk डील किस तरह से Block डील से अलग होते हैं? क्यों करती हैं कंपनियां बल्क या ब्लॉक डील? इसे समझने के लिए देखिए यह वीडियो-
शेयर बाजार में अक्सर शेयरों की Bulk और Block डील होती है. इनसे शेयरों की दिशा का अंदाजा लग सकता है. इसका डेटा आपको एक्सचेंजों से मिल जाता है.